धूमधाम से मनाया 56वां राष्ट्रीय स्थापना दिवस

धूमधाम से मनाया 56वां राष्ट्रीय स्थापना दिवस

प्रयागराज: भारत विकास परिषद् देशव्यापी सेवा कार्यों के अलावा और भी कई काम करता रहता है. परिषद् राष्ट्रीय चेतना, समाज सेवा, संस्कार निर्माण एवं संस्कृति संरक्षण के लिए लगातार काम कर रही है.

यह बातें न्यायमूर्ति अरूण टण्डन ने रविवार को सिविल लाइंस स्थित ज्वाला देवी इण्टर कालेज में भारत विकास परिषद् की चार शाखाओं त्रिवेणी, संस्कार, तेजस्वनी एवं स्वर्णिम द्वारा 56वें राष्ट्रीय स्थापना दिवस पर संबोधित करते हुए कही. उन्होंने परिषद् के प्रति लगाव व्यक्त करते हुए कहा कि इसके बारे में हमें कई बार आने का और निकट से जानने का अवसर मिला.

परिषद् द्वारा निःशुल्क महिला सिलाई प्रशिक्षण केन्द्र, निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर, रक्त दान शिविर, सरल सामूहिक विवाह में दम्पत्तियों को उपहार आदि चलते हैं. युवाओं में राष्ट्र प्रेम भरने के लिए राष्ट्रीय स्तर तक की समूह गान एवं भारत जानो प्रतियोगिता तथा आठ विद्यालयों में स्वामी विवेकानंद की प्रतिमा स्थापना आदि प्रमुख है.

मुख्य वक्ता एवं पूर्व राष्ट्रीय सदस्य श्याम सुन्दर अग्रवाल ने कहा कि परिषद् के संस्थापक डाॅ. सूरज प्रकाश ने प्रबुद्ध एवं समृद्ध नागरिकों को जाग्रत करने एवं इसे मूर्तरूप देने हेतु स्वामी विवेकानंद जम्मशती वर्ष 1963 में इसकी स्थापना की. उन्होंने बताया कि यह संगठन देश में 1450 शाखाओं एवं विदेश में 12 शाखाओं के माध्यम से युवाओं में संस्कार एवं अभावग्रस्तों की सेवा में लगा हुआ है.

सम्पर्क, सहयोग, संस्कार, सेवा व समर्पण के पंच सूत्रों पर आधारित यह संगठन स्वस्थ, समर्थ, संस्कारित भारत के लक्ष्य को प्राप्त करना चाहता है. सक्षम के राष्ट्रीय महासचिव कमला कान्त ने संघ के आनुसंगिक संगठनों के कार्यों पर प्रकाश डाला और बताया कि कुम्भ में नेत्र कुम्भ का आयोजन कर लाखों लोगों को निःशुल्क चश्मा वितरण कराया गया.

इस अवसर पर प्रांतीय महासचिव निशा जायसवाल ने भाविप में नये सदस्यों को संकल्प ग्रहण कराया एवं न्यायमूर्ति श्री टण्डन ने अक्षर ज्ञान संस्कार विद्यालय एवं निःशुल्क महिला सिलाई प्रशिक्षण केन्द्रों की 12 शिक्षिकाओं को उपहार प्रदान किया.

HS News: 14 July, 2019
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